चमोलीः सीमांत जनपद चमोली में भी अब लहलहाएगी गन्ने की फसल’
सीमांत जनपद चमोली अब गन्ना उत्पादक जिला बनने की दिशा में अग्रसर हो गया है। यहां के किसानों को गन्ना उत्पादन के लिए विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है।...
भारतीय जनता पार्टी "बूथ सशक्तिकरण अभियान" कार्यशाला आज भाजपा ज़िला कार्यालय गोपेश्वर ( ग्वीलो) में भाजपा ज़िला अध्यक्ष रमेश मैखुरी जी की अध्यक्षता में संपन्न हुई.. बैठक में मुख्य वक्ता भाजपा ज़िला प्रभारी कुन्दन परिहार जी थे.. कार्यशाला...
*चमोली पुलिस ने चोरी की शत प्रतिशत सामग्री के साथ धरा*
थाना गोपेश्वर में मुख्य बाजार गोपेश्वर व्यवसाई संजय सिंह निवासी गोपेश्वर द्वारा थाना गोपेश्वर में आकर तहरीर दी कि उनकी मन्दिर मार्ग स्थित मोबाइल एवं फोटोग्राफी की दुकान...
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज सचिवालय में पौड़ी जिले के मण्डलीय मुख्यालय में मण्डल स्तरीय कार्यालयों के संचालन व पौड़ी के विकास सम्बंधी समीक्षा बैठक करते हुए कहा कि पौड़ी के मण्डल कार्यालयों को सशक्त बनाने हेतु...
देहरादून*: आज प्रदेश की कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने देहरादून स्थित प्रेस क्लब में आयोजित निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर में बतौर मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की जहां प्रेस क्लब के अध्यक्ष एवं अन्य पदाधिकारियों द्वारा उनका भव्य स्वागत...
जिलाध्यक्ष जगदीश पंवार की अध्यक्षा मैं उपनल महासंघ जनपद चमोली नवनियुक्त कार्यकारिणी की प्रथम बैठक नगर पालिका मीटिंग हाँल गोपेश्वर में आहूत की गई । बैठक में सर्वप्रथम उपस्थित सम्मानित सभी कर्मचारियों द्वारा नवनिर्वाचित कार्यकारिणी के...
चमोली जिले के दशोली ब्लॉक के अंतर्गत ग्राम सभा भटिंगयाला के शिरवा स्थान के निवाशी परकाश लाल के पुत्र प्रियांशु की जेठा गदेरे के समीप मे संदिग्ध परिथिति मे मृत शरीर मिला है उक्त प्रियांशु जो चार ...
देहरादून*: आज प्रदेश की कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या पवेलियन मैदान पहुंची जहां उन्होंने अमर उजाला के 26 वें स्थापना दिवस के सुअवसर पर आयोजित "GREENATHON"(एक कदम पर्यावरण के नाम)कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। कार्यक्रम में शहर के विभिन्न उम्र और...
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ग्राम तिवाड़ गांव में आयोजित पर्यटन ग्राम चौपाल कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने मरोड़ा, तिवाड़ गांव में पर्यावरणविद् स्व. सुंदरलाल बहुगुणा स्मारक बनाने की घोषणा की एवं सांस्कृतिक संध्या...
गरुड़ की फलियाँ बिलकुल साँप के आकर के दिखाई देती हैं,शायद इसी कारण इसका नाम गरुड़ पड़ा होगा... ग्रामीणांचल में आज भी दरवाजे के ऊपर गरुड़ की फलियों को बांध देते है ताकि किसी भी प्रकार का साँप घर...













